ACC फैक्ट्री से जुड़े ठेकेदार अभिजीत तिवारी और मैनेजर आशीष अग्रवाल पर गंभीर आरोप, सुबह मजदूरों से खुदाई के बाद ट्रैक्टरों से ढुलाई का दावा
कटनी। लाल पहाड़ी क्षेत्र में कथित तौर पर मुरुम और लेटराइट के अवैध उत्खनन एवं बिक्री का मामला सामने आया है। आरोप है कि ACC फैक्ट्री में लेबर सप्लाई का काम करने वाले ठेकेदार अभिजीत तिवारी और मैनेजर आशीष अग्रवाल की भूमिका इस पूरे मामले में बताई जा रही है।
बताया जा रहा है कि सुबह के समय मजदूरों को लगाकर लाल पहाड़ी क्षेत्र में मुरुम और लेटराइट की खुदाई कराई जाती है। खुदाई के बाद निकली सामग्री को एक स्थान पर डंप किया जाता है और फिर कथित रूप से ट्रैक्टरों के माध्यम से दूसरे स्थान पर ले जाकर बिक्री की जाती है।
आरोप यह भी है कि निकाली जा रही मुरुम और लेटराइट को जगदीश उरमालिया को बेचे जाने की बात सामने आ रही है। और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
जिम्मेदारों की चुप्पी पर उठ रहे सवाल
लाल पहाड़ी क्षेत्र में यदि वास्तव में बिना अनुमति खनिज का उत्खनन और परिवहन किया जा रहा है तो यह गंभीर मामला है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्षेत्र में लगातार चल रही गतिविधियों पर संबंधित विभागों की नजर क्यों नहीं पड़ रही?
स्थानीय स्तर पर यह भी चर्चा है कि सुबह मजदूरों से खुदाई और बाद में ट्रैक्टरों से ढुलाई की गतिविधियां कथित रूप से जारी हैं। बावजूद इसके जिम्मेदार विभागों की ओर से कार्रवाई नहीं होने को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जांच हुई तो खुल सकता है पूरा नेटवर्क
मामले में यदि प्रशासन द्वारा मौके का निरीक्षण, उत्खनन स्थल की जांच, ट्रैक्टरों की आवाजाही और खनिज के परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की जांच की जाती है तो पूरे मामले की वास्तविकता सामने आ सकती है।
अब देखना होगा कि खनिज विभाग और प्रशासन लाल पहाड़ी में लगाए जा रहे इन गंभीर आरोपों की जांच कर कार्रवाई करते हैं या मामला आरोपों तक ही सीमित रह जाता है।

